प्लास्टिक का भस्मासुर: आधुनिक सभ्यता के गले में अटका पर्यावरण का फंदा

हम जिस आधुनिक और विकसित दुनिया में जी रहे हैं, वहां इंसानी सहूलियत के लिए विज्ञान ने कई आविष्कार किए हैं। इन्हीं आविष्कारों में से एक है ‘प्लास्टिक’—जिसने शुरुआत में तो हमारी ज़िंदगी को बेहद आसान और सस्ता बना दिया, लेकिन आज वही प्लास्टिक हमारे पूरे ग्रह के लिए एक विनाशकारी ‘भस्मासुर’ साबित हो रहा … Read more

डिग्रियों का बोझ और खोती बुद्धि: शिक्षा व्यवस्था का असली संकट

आज का समाज एक ऐसी अंधी दौड़ में शामिल हो चुका है जहाँ शिक्षा का मतलब केवल बड़ी डिग्रियां, ऊंचे ग्रेड और एक सुरक्षित नौकरी बनकर रह गया है। हमने बच्चों के दिमाग को सूचनाओं और किताबों के बोझ से तो भर दिया, लेकिन उन्हें स्वतंत्र रूप से सोचना और नैतिक मूल्यों को समझना नहीं … Read more